मानवाधिकार की अंतरराष्ट्रीय संस्था, एमेनेस्टी इंटरनेश्नल की हालैंड स्थित शाखा ने सऊदी अरब के दूतावास की सड़क का नाम " क्वीन रोड" से बदल कर " खाशुकजी रोड " रख दिया है।
यह फैसला, सऊदी पत्रकार जमाल खाशुकजी की इंस्ताबूल में सऊदी कांस्लेट में हत्या की बरसी पर किया गया है।
एमेनेस्टी इंटरनेश्नल ने अपने बयान में कहा हे कि खाशुकजी की हत्या को एक साल बीत चुका है और सऊदी अरब उसे भूल जाना चाहता है लेकिन हम नहीं भूलेंगे इसी लिए हम ने हेग में उस सड़क का नाम खाशुकजी रखा है जिस पर सऊदी दूतावास है।
बेल्जियम में भी समाजी कार्यकर्ता, सऊदी अरब के दूतावास की सड़क का नाम खाशुकजी रोड रखने की तैयारी कर रहे हैं जबकि नार्वे की राजधानी ओस्लो में सऊदी दूतावास के सामने " क्राइम सीन" का मंचन होगा और प्रदर्शन कारी जांच अधिकारियों के रूप में सऊदी दूतावास में हत्या की जांच की मांग करेंगे।
2 अक्तूबर सन 2018 में सऊदी क्राउन प्रिंस के विरोधी सऊदी पत्रकार जमाल खाशुकजी को इस्तांबूल में सऊदी कान्सलेट में उस समय मार डाला जब वह कुछ कागज़ी कार्यवाही के लिए कान्सलेट गये थे और बाहर उनकी मंगेतर उनका इंतेज़ार कर रही थी।
हत्या के बाद एक पोस्टमार्ट डाक्टर ने उनके शव के टुकड़े टुकड़े कर दिये। सऊदी अरब ने इस हत्या में अपना हाथ होने का कड़ाई से इन्कार किया किंतु तुर्की द्वारा पेश किये गये सुबूतों से यह साबित हो गया कि इस पाश्विक हत्या में बिन सलमान का हाथ है।
हालिया दिनों में सऊदी क्राउन प्रिंस बिन सलमान ने भी स्वीकार कर लिया है कि यह हत्या उनकी देख रेख में हुई थी।